अगर आप भूकंप की खबर सुनते हैं तो अक्सर 'एपिसेंटर' शब्द आता है। एपिसेंटर वो सतह पर का बिंदु होता है जहाँ से भूकंपीय तरंगें सबसे पहले जमीन पर पहुँचती हैं — यानी नीचे के फोकस (hypocenter) की सतह पर प्रोजेक्शन। इससे पता चलता है कि झटका ज़मीन पर कहाँ सबसे तेज़ महसूस हुआ होगा और नुकसान ज्यादा कहाँ हो सकता है।
दो शब्द अक्सर मिलकर आते हैं, तो साफ कर दें: फोकस यानी घटना का असली स्रोत जमीन के अंदर होता है, और उसी का ऊपर का प्रतिउत्तर ही एपिसेंटर कहलाता है। फोकस की गहराई (depth) मायने रखती है — गहरा फोकस होने पर सतह पर असर कम और फैला हुआ हो सकता है; सतही फोकस से स्थानीय नुकसान ज़्यादा होता है।
मापन में भी फर्क है: भूकंप की तीव्रता (magnitude) बताती है कुल ऊर्जा कितनी निकली, जबकि एपिसेंटर के पास की जगहों पर तीव्रता (intensity) ज्यादा महसूस होती है। इसलिए एक ही magnitude के दो भूकंपों में, जिस का एपिसेंटर आबादी के पास होगा नुकसान ज़्यादा होगा।
भूकंप को पकड़ने वाले सेसमोग्राफ्स एक साथ कई जगहों पर रिकॉर्ड लेते हैं। तीन या उससे अधिक स्टेशन के डेटा से त्रिकोणित करके फोकस और एपिसेंटर का अनुमान लगाया जाता है। खबर में अक्सर स्थान, magnitude और गहराई बताई जाती है — अगर गहराई कम है और स्थान शहर के पास है तो सतही असर बड़ा होगा।
जब आप खबर पढ़ें तो ध्यान रखें: केवल magnitude नहीं, depth और एपिसेंटर की दूरी भी देखें। आधिकारिक स्रोत जैसे भारतीय मौसम विभाग (IMD), USGS या EMSC पर तुरंत और सटीक जानकारी मिलती है।
एपिसेंटर जानना बचाव के लिए काम आता है — रेस्क्यू टीमें, बिजली और गैस बंद करने की सूचनाएँ, और हादसे की प्राथमिक प्रतिवेदन यही से तय होते हैं।
रियल-टाइम अलर्ट के लिए मोबाइल ऐप्स और वेबसाइटें useful हैं। IMD की साइट, USGS ऐप या स्थानीय आपदा प्रबंधन पोर्टल पर अपडेट चेक करें। कई ऐप्स आफ्टरशॉक और रिकवरी सलाह भी भेजते हैं।
भूकंप के समय सबसे ज़रूरी काम— "ड्रॉप, कवर, होल्ड": नीचे झुकें, किसी मजबूत टेबल के नीचे छुपें और पकड़े रहें। बाहर हों तो भवन से दूर, खुली जगह में रहें। झटके के बाद गैस, बिजली और पानी की जांच करें, और टूट-फूट दिखाई दे तो इमरजेंसी सेवाओं को सूचित करें।
अंत में, एपिसेंटर की जानकारी केवल वैज्ञानिक बात नहीं है; यह सीधे आपकी सुरक्षा और मदद पहुंचाने की योजना से जुड़ा है। खबर आते ही स्रोत देखें, समझें कि एपिसेंटर आपकी लोकेशन से कितना दूर है, और उसी अनुरूप तुरंत सुरक्षा कदम उठाएँ।
21 जुलाई, 2023 को राजस्थान की राजधानी जयपुर में कुछ ही घंटों में कई भूकंपों के झटके महसूस किए गए, जिससे लोग घबरा गए लेकिन कोई हानि नहीं हुई। पहले झटका सुबह 4:09 बजे 4.4 तीव्रता का आया, फिर 4:22 बजे और 4:25 बजे 3.1 और 3.4 तीव्रता के दो और झटके आए। अन्त में 4:31 बजे 2.5 तीव्रता का एक और झटका भी आया। सभी भूकंपों के एपिसेंटर जयपुर के अंदर ही थे। हालांकि, कोई हानि नहीं हुई और ना ही कोई घायल हुआ।
किशनगंज में थगरिया इलाके की एक आवासीय इमारत पर पुलिस ने 25,200 नकली लॉटरी टिकट बरामद किए और निवासी प्रदीप कुमार को गिरफ्तार किया। यह 15 दिनों में दूसरी बड़ी कारवाई है, जिसमें गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी हुई। जाँच के दौर में संभावित सहकारी नेटवर्क और वितरण चैनल की जाँच जारी है। पुलिस ने स्थानीय लोगों को सतर्क करने की अपील भी की है।
दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ (DUSU) चुनाव 2025 में ABVP ने 4 में से 3 शीर्ष पद जीते। आर्यन मान अध्यक्ष बने, जबकि उपाध्यक्ष पद NSUI के राहुल झांसला ने जीता। सचिव कुनाल चौधरी और सह-सचिव दीपिका झा (दोनों ABVP) जीते। 52 केंद्रों पर 195 बूथों और 711 EVM के साथ 39.45% मतदान हुआ। हाई कोर्ट ने विजय जुलूसों पर रोक लगाई थी।
Sun Pharmaceutical Industries ने FY25 की चौथी तिमाही और पूर्ण वर्ष की कमाई घोषित की, राजस्व में 8% की बढ़ोतरी हुई जबकि शुद्ध लाभ 19% गिरा। कंपनी ने Rs 5.50 प्रति शेयर का अंतिम लाभांश प्रस्तावित किया, रिकॉर्ड डेट 7 जुलाई 2025 तय। घरेलू बिक्री में तेज़ी और एपीआई निर्यात में सुधार ने कुल बिक्री को 9% बढ़ाया। विशेष आय और पुनर्गठन खर्चों को हटाकर शुद्ध लाभ 4.8% बढ़ा। R&D में निरंतर निवेश कंपनी की दीर्घकालिक रणनीति को समर्थन देता है।
UEFA चैंपियंस लीग 2024/25 के राउंड 4 में पेरिस सेंट-जर्मेन एफसी (PSG) और एटलेटिको मैड्रिड के बीच होने वाले मुकाबले की तैयारी है। PSG इस समय अंक तालिका में 23वें स्थान पर है जबकि एटलेटिको मैड्रिड 28वें स्थान पर है। भारत में इस मैच का प्रसारण 7 नवंबर को 01:30 AM IST से सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क पर किया जाएगा। इसके साथ ही SonyLIV ऐप और वेबसाइट पर इसका लाइव स्ट्रीमिंग भी उपलब्ध होगा।
रिशभ पैंट ने मैंचेस्टर में चौथे टेस्ट के दौरान हुए फुट फ्रैक्चर के बावजूद बॉलिंग जारी रखी, पर अब पाँचवें टेस्ट से बाहर हैं। BCCI ने तमिलनाडु के वैकिपर नारायण जगदेवसन को प्रथम बार टेस्ट स्क्वॉड में बुलाया। इशान किशन की एड़ी की चोट और केएस भरत के न पूछे जाने से यह चयन हुआ। ध्रुव जुरेल मुख्य वैकिपर रहेंगे, जबकि जगदेवसन बैकअप के तौर पर शामिल होंगे। टीम इस उम्मीद में है कि नई पृष्ठभूमि से इस महत्वाकांक्षी सीरीज़ को संभाल पाएगी।