IPO, राइट्स या प्रेफ़रेंशियल इश्यू के बाद सबसे पहला सवाल होता है — मेरा शेयर आवंटित हुआ या नहीं? ये जानना आसान है अगर आप सही तरीक़े जानते हैं। नीचे दिए गए कदम फॉलो करिए और तुरंत अपनी स्थिति समझ जाइए।
सबसे पहले अपने पास ये जानकारी तैयार रखें: PAN, एप्लिकेशन नंबर या BO (बेयरर ऑर्डर) डीटेल्स और अगर आपने ASBA लगाया है तो बैंक रेफरेंस। आम तौर पर तीन मुख्य जगहें हैं जहाँ आवंटन चेक कर सकते हैं:
1) RTA की वेबसाइट (जैसे KFintech, Link Intime, Bigshare): RTA के 'Allotment' सेक्शन में PAN डाल कर अपना स्टेटस देखें।
2) NSE/BSE की वेबसाइट: दोनों एक्सचेंज पर भी 'Allotment' या 'Public Issues' सेक्शन से चेक कर सकते हैं।
3) अपने डिमैट अकाउंट या ब्रोकर्स के पोर्टल/मोबाइल ऐप पर भी एलॉटमेंट और क्रेडिट स्टेटस दिखता है।
टाइमलाइन: सामान्यतः इश्यू बंद होने के 3-7 कार्यदिवस के भीतर एलॉटमेंट जारी होता है और लिस्टिंग से पहले डिमैट में शेयर क्रेडिट हो जाते हैं।
नहीं मिला? घबराने की जरूरत नहीं। ओवरसब्स्क्रिप्शन की स्थिति में अलॉटमेंट लॉटरी या प्रोपोर्शनल बेसिस पर होता है। ऐसे में ये कदम उठाएँ:
1) रिफंड चेक करें: ASBA में बैंक अकाउंट से ब्लॉक हट जाता है और रिफंड क्रेडिट हो जाता है—आम तौर पर 2-7 कार्यदिवस में। UPI मिनेट या नेटबैंकिंग के माध्यम से किया था तो ट्रांज़ैक्शन रिलीज़ हो जाएगा।
2) डिटेल वेरिफाई करें: अगर एलॉटमेंट दिखाई दे रहा है पर डिमैट में क्रेडिट नहीं हुआ, अपने डीपी (Depository Participant) से संपर्क करें।
3) RTA से संपर्क: यदि RTA साइट पर भी एलॉटमेंट में गड़बड़ी दिखे तो RTA को मेल/फोन करके रिफ्रेश स्टेटस मांगें।
4) ब्रोकरेज या ग्राहक सेवा: अपने ब्रोकरेज हाउस से कागज़ात और एप्लिकेशन आईडी शेयर कर समस्या सुलझाएँ।
थोड़ी अतिरिक्त बातें जो जाननी चाहिए —
- राइट्स और प्रेफरेंशियल इश्यू में आवेदन और एलॉटमेंट के नियम अलग हो सकते हैं; कंपनियों के ऑफर डॉक्यूमेंट पढ़ना जरूरी है।
- प्रमोटर अलॉटमेंट या कर्मचारी ESOP से जुड़े शेयर अलग प्रक्रियाएँ होते हैं; RTA या कंपनी के कॉर्पोरेट ऑफिस से डायरेक्ट अपडेट लें।
- टैक्स और लॉक‑इन: कुछ आवंटन पर लॉक‑इन पीरियड लग सकता है और कर नियम अलग लागू होते हैं।
यदि आप बार-बार एलॉटमेंट चेक करते हैं तो एक शॉर्ट चेकलिस्ट रखें: PAN तैयार, एप्लिकेशन नंबर हाथ में, RTA और डिमैट लॉगिन। इससे समय बचेगा और आप त्वरित कार्रवाई कर पाएँगे। कोई सवाल है? अपनी विशेष स्थिति बताइए, बताऊँगा कि अगला सबसे आसान कदम क्या होगा।
ओला इलेक्ट्रिक ने अपने प्रारंभिक सार्वजनिक प्रस्ताव (IPO) की प्रक्रिया शुरू कर दी है। निवेशक शेयर आवंटन की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जिसे जल्द ही पूरा किया जाएगा। निवेशक अपनी आवंटन स्थिति की जांच करने के लिए KFin Technologies, BSE या NSE की वेबसाइटों का उपयोग कर सकते हैं। योजना के अंतर्गत कंपनी संचालन विस्तार और बाजार में अपनी स्थिति मजबूत करेगी।
दिल्ली की Bhumika Realty ने वेस्ट इंडीज़ टेस्ट जर्सी को ₹3,000 करोड़ मूल्य के एक‑सीरीज़ प्रायोजन से सजेकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा, जिससे ब्रांड दृश्यता बढ़ेगी।
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मणबा फाइनेंस के आईपीओ को पहले दिन ही 23.79 गुना सब्सक्रिप्शन मिला, सबसे ज्यादा बोली गैर-संस्थागत निवेशकों से आई। आईपीओ के तहत 1.26 करोड़ शेयर जारी किए जा रहे हैं, जिनका प्राइस बैंड 114 रुपये से 120 रुपये प्रति शेयर है।
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भारत के राष्ट्रपति ने कई राज्यों के लिए नए राज्यपालों की नियुक्ति की है। इसमें पूर्व रक्षा प्रमुख जनरल अनिल चौहान को झारखण्ड का राज्यपाल, तमिलिसाई सौंदरराजन को तेलंगाना का राज्यपाल, रमेश बैस को झारखण्ड का राज्यपाल और फागू चौहान को मेघालय का राज्यपाल नियुक्त किया गया है। ये नियुक्तियां संबंधित राज्यों में शासन और प्रशासन को मजबूत बनाने के लिए की गई हैं।